Oct 11: Day 1 of my fast, day 958 of our chain. (Please note that the article mentioned here was later disproved.)
✍️Awesh Tiwari sir >> द वायर ने अपनी एक रिपोर्ट में जानकारी दी है कि बीजेपी के आईटी सेल को चलाने वाले अमित मालवीय को मेटा यानि फेसबुक और इंस्टाग्राम चलाने वाली एजेंसी ने ‘एक्स चेकर’ बना दिया है।
देश में नफरत की फैक्ट्री चलाने वाले अमित मालवीय को विशेषाधिकार मिला है कि वह किसी की भी पोस्ट को हटवा सकते हैं। यहां तक कि उस पोस्ट पर कोई माडरेशन या फिर रिव्यू भी सम्भव नहीं हो सकेगा।
#ChainFastingForPeace
#FastingAgainstFascism
#ResignAmitShah
#ReleaseSanjivBhatt
#ResignModi

Oct 12: Day 2 of my fast, day 959 of our chain.
भारत की अर्थव्यवस्था श्रीलंका बनने की ओर बहुत तेज़ी से बढ़ रही है श्रीलंका 51 अरब डॉलर का विदेशी कर्ज नही चुका पाया और कटोरा लेकर खड़ा हो गया था ….. इसी संदर्भ में क्या आप जानना चाहेंगे कि भारत को अगले छह महीने में कितना विदेशी कर्ज चुकाना है यह रकम है 267 अरब डॉलर !……
जी हां यह सच है और यही रुपए के गिरने की सबसे बडी वजह भी है
अभी भारत पर टोटल लगभग करीब 621 अरब डॉलर का विदेशी कर्ज है, उसका करीब 40 प्रतिशत हिस्सा, यानि 267 अरब डॉलर का विदेशी ऋण भारत सरकार को अगले 6 महीने में चुकाने हैं और देश की अर्थव्यवस्था के सामने ये एक बहुत बड़ी चुनौती है।
अगर हम कहते है कि भारत की अर्थव्यवस्था श्रीलंका से पांच गुना बढ़ी है तो कर्ज भी तो पांच गुना बड़ा है
दरअसल दो तरह के कर्ज लिए जाते है एक है दीर्घकालीन और एक होते है अल्पकालीन ……इस वक्त देश पर लंबी अवधि का कर्ज 499.1 अरब डॉलर का है जो कुल बाहरी कर्ज का 80.4 प्रतिशत है जबकि 121.7 अरब डॉलर के साथ छोटी अवधि के कर्ज की हिस्सेदारी 19.6 प्रतिशत है
एक और भयानक तथ्य जान लीजिए हमारे पास जितना विदेशी मुद्रा भंडार है उससे अब कर्ज की रकम कही ज्यादा बड़ी हो गईं हैं 30 सितम्बर तक भारत के पास कुल 532.664 अरब डॉलर का विदेशी मुद्रा भंडार ही रह गया है जिसमे फॉरेन करेंसी एसेट्स (FCA) तो मात्र 472.807 अरब डॉलर ही रह गया है
अब इसमें से आप अगले छह महिने में चुकाने वाली रकम 267 अरब डॉलर को घटा दीजिए तो असलियत आपके सामने खुद ब खुद आ जाएगी
ऋण चुकाने के लिए किसी देश के पास पर्याप्त विदेशी मुद्रा भंडार होना चाहिए. और वो बहुत तेज़ी से घट रहा है, जनवरी 2022 के पहले सप्ताह में भारत के पास 633 अरब डॉलर का विदेशी मुद्रा भंडार था, जिसमें अब तक 100 अरब डॉलर से अधिक की गिरावट आ चुकी है यह पिछले एक दशक में सबसे अधिक है.
मीडिया यह विश्वास दिला रहा है कि भारत मंदी से निकल जायेगा लेकिन वो ये तो देख ही नहीं रहा है कि इस शताब्दी की पहली मंदी जो 2008 में आई थीं उस वक्त कुल ऋण अनुपात में भारत का विदेशी मुद्रा भंडार 138.0 प्रतिशत के आंकड़े के साथ सबसे उच्च स्तर पर था.और अब ये -85% के आसपास है और मार्च 2023 तक तो इसमें से भी आधा साफ़ हो जायेगा …..
इसके साथ विदेशी व्यापार घाटा भी दुगुनी तेजी के साथ बढ़ रहा है ये भी ख़तरनाक हालात का संकेत है
हम जैसे लोग बार बार आगाह कर रहे हैं कि इकनॉमी के मोर्चे पर हालात बहुत खराब होने जा रहे हैं लेकिन अधिकांश जनता को ऐसी अफीम चटाई जा रही है कि उसे कोई होश ही नही है……✍️ Girish Malviya
ChainFastingForPeace
FastingAgainstFascism
ResignAmitShah
ReleaseSanjivBhatt
ResignModi
Oct 13: Day 3 of my fast, day 960 of our chain.
रूस ने इस हफ़्ते की शुरूआत में टेकजॉइंट कम्पनी मेटा को आतंकवादी संगठनों की सूची में डाल दिया …..आप इस वक्त मेटा पर ही यह पोस्ट पढ़ रहे हैं दरअसल मेटा ही इंस्टाग्राम, फेसबुक और व्हाट्सएप की मूल कंपनी है.
इसी के साथ परसों ही ख़बर आई कि अमित मालवीय जो बीजेपी आई टी सेल के प्रमुख है उनके कहने पर मेटा के instagram से सात पोस्ट बिना वेरिफिकेशन किए हटा दी गई इन पोस्ट में यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का मंदिर बनाकर उनकी पूजा करने संबंधी एक फोटो पोस्ट किया गया था जिसे अमित मालवीय द्वारा रिपोर्ट किए जाने के बाद हटा दिया गया…..
इसके बाद यह आश्चर्य जनक खुलासा हुआ कि अमित मालवीय जी को असल में भारत में मेटा के ‘क्रॉसचेक प्रोग्राम’ के तहत विशेषाधिकार मिले हुए है मेटा उन्हे हाई प्रोफाईल यूजर का विशिष्ट दर्जा देता है
इस‘क्रॉसचेक [XCheck] प्रोग्राम का पता तब चला जब सितंबर, 2021 को वॉल स्ट्रीट जर्नल (डब्ल्यूएसजे) ने “द फेसबुक फाइल्स” शीर्षक से फेसबुक की सामग्री नीतियों के बारे में एक विस्तृत जांच की। इस जांच से सामने आया कि फेसबुक द्वारा इस्तेमाल किया जाने वाला “एक्स-चेक” या क्रॉस-चेक प्रोग्राम, जो कथित तौर पर कंपनी के कुछ हाई-प्रोफाइल उपयोगकर्ताओं को विशेष सुविधाएं देता है। इन हाई-प्रोफाइल उपयोगकर्ताओं की सामग्री को फेसबुक के दिशानिर्देशों का पालन करने से छूट दी गई है।
इन ‘हाई-प्रोफाइल’ यूजर्स को इस सीमा तक विशेषाधिकार मिले हैं कि उन्हें कोई पोस्ट पसंद न आई तो वे उस पोस्ट हटवा सकते हैं और कंपनी इस बात की जांच तक नहीं करेगी कि यह जायज़ वजह से किया गया था या नहीं.
अब आप खुद ही अंदाजा लगा लीजिए कि एक पार्टी के आई टी प्रमुख को यह विशिष्ट सुविधा दी जा रही है तो भारत में लोकतांत्रिक प्रक्रिया को कितना बडा खतरा उत्पन्न हो रहा है, क्योंकि भारत में मेटा के तीनों प्लेटफार्म इंस्टाग्राम फेसबुक और व्हाट्स एप पर लगभग देश की अस्सी फीसदी आबादी अपना बड़ा वक्त गुजार रही है…..
कुछ दिनो पहले ही मैसेजिंग एप Telegram के फाउंडर पावेल डुरोव ने दुनिया को चेताया है। व्हाट्स एप एक सर्विलांस टूल है पिछले महीने वॉट्सऐप द्वारा बताए गए सिक्योरिटी इश्यू पर प्रकाश डालते हुए, ड्यूरोव ने कहा कि वॉट्सऐप, यूजर्स के डेटा को खतरे में डाल रहा है।
पावेल डुरोव ने व्हाट्सएप यूजर्स को मैसेजिंग एप से दूर रहने की सलाह दी है और दावा किया है कि व्हाट्सएप यूजर्स के फोन को हैकर्स आसानी से हैक कर सकते हैं और उनके डाटा को भी एक्सेस कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि वह यूजर्स से टेलीग्राम इस्तेमाल करने के लिए नहीं कह रहे हैं, वे चाहे कोई भी मैसेजिंग एप इस्तेमाल करें, लेकिन व्हाट्सएप से दूर रहें। बता दें कि पहले भी कई बार पावेल व्हाट्सएप को लेकर अलर्ट रहने का दावा कर चुके हैं।
फेसबुक के बारे में तो हम शूरू से जानते आए हैं कि यह प्रोपगैंडा और गलत सूचनाओं को फैलाने में धड़ल्ले से इस्तेमाल किया जा रहा है लेकिन इंस्टा और व्हाट्सएप के बारे में भी हमे अब पता चल गया है ✍️ Girish Malviya Sir
ChainFastingForPeace
FastingAgainstFascism
ResignAmitShah
ReleaseSanjivBhatt
ResignModi
